Naval Power:आईएनएस ईक्षण का जलावतरण

Date: 2025-11-07
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विशाल सर्वेक्षण पोत SVL श्रृंखला के तीसरे जहाज, आईएनएस INS इक्षक को कोच्चि स्थित नौसेना बेस में आयोजित कार्यक्रम के दौरान भारतीय नौसेना में शामिल किया गया।यह पोत भारतीय नौसेना की जलविज्ञान और समुद्री क्षमताओं को बढ़ाने में अहम भूमिका निभाएगा।
इस समारोह की अध्यक्षता नौसेना प्रमुख एडमिरल दिनेश के त्रिपाठी ने की जिसमें वाइस एडमिरल समीर सक्सेना सहित कई बड़े नौसेना अधिकारी शामिल हुए। इस अवसर पर नौसेना प्रमुख को 50 जवानों द्वारा गार्ड ऑफ ऑनर दिया गया।
कमांडिंग ऑफिसर कैप्टन त्रिभुवन सिंह ने कमीशनिंग समारोह की शुरुआत जहाज के कमीशनिंग वारंट के वाचन के साथ की। कार्यक्रम में राष्ट्रगान के साथ नौसेना ध्वज फहराया गया और चालक दल द्वारा 'कलर गार्ड' की औपचारिक सलामी दी गई। इसके साथ ही, सक्रिय नौसेना सेवा में शामिल होने के प्रतीक जहाज के कमीशनिंग पताका भी फहराया गया। यह पताका तब तक फहराती रहेगी जब तक जहाज राष्‍ट्र की सेवा में रहेगा।

नौसेना प्रमुख ने अपने संबोधन में INS इक्षक की भारतीय नौसेना, भारतीय उद्योगों और सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्यम (एमएसएमई) के बीच प्रभावी सहयोग के प्रमाण के रूप में सराहना की। यह जहाज अत्याधुनिक हाइड्रोग्राफिक और समुद्र विज्ञान प्रणालियों के साथ-साथ हेलीकॉप्टर सहायता से लैस है इसलिए दोहरी भूमिका क्षमता के साथ बेजोड़ परिचालन बहुमुखी प्रतिभा प्रदान करता है। यह जहाज, एक सर्वेक्षण पोत और मानवीय सहायता तथा आपदा राहत HDR कार्यों के साथ-साथ आवश्यकता पड़ने पर अस्पताल जहाज के रूप में भी कार्य करता है।  आईएनएस इक्षक अनदेखे समुद्री क्षेत्र का मानचित्रण करने, समुद्री सुरक्षा बढ़ाने और महत्वपूर्ण समुद्री मार्गों पर राष्ट्रीय सुरक्षा को मजबूत करने के लिए तैयार है।विशाल सर्वेक्षण पोत SVL श्रृंखला के तीसरे जहाज, आईएनएस INS इक्षक को कोच्चि स्थित नौसेना बेस में आयोजित कार्यक्रम के दौरान भारतीय नौसेना में शामिल किया गया।यह पोत भारतीय नौसेना की जलविज्ञान और समुद्री क्षमताओं को बढ़ाने में अहम भूमिका निभाएगा।

इस समारोह की अध्यक्षता नौसेना प्रमुख एडमिरल दिनेश के त्रिपाठी ने की जिसमें वाइस एडमिरल समीर सक्सेना सहित कई बड़े नौसेना अधिकारी शामिल हुए। इस अवसर पर नौसेना प्रमुख को 50 जवानों द्वारा गार्ड ऑफ ऑनर दिया गया। कमांडिंग ऑफिसर कैप्टन त्रिभुवन सिंह ने कमीशनिंग समारोह की शुरुआत जहाज के कमीशनिंग वारंट के वाचन के साथ की। कार्यक्रम में राष्ट्रगान के साथ नौसेना ध्वज फहराया गया और चालक दल द्वारा 'कलर गार्ड' की औपचारिक सलामी दी गई। इसके साथ ही, सक्रिय नौसेना सेवा में शामिल होने के प्रतीक जहाज के कमीशनिंग पताका भी फहराया गया। यह पताका तब तक फहराती रहेगी जब तक जहाज राष्‍ट्र की सेवा में रहेगा।

नौसेना प्रमुख ने अपने संबोधन में INS इक्षक की भारतीय नौसेना, भारतीय उद्योगों और सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्यम (एमएसएमई) के बीच प्रभावी सहयोग के प्रमाण के रूप में सराहना की। यह जहाज अत्याधुनिक हाइड्रोग्राफिक और समुद्र विज्ञान प्रणालियों के साथ-साथ हेलीकॉप्टर सहायता से लैस है इसलिए दोहरी भूमिका क्षमता के साथ बेजोड़ परिचालन बहुमुखी प्रतिभा प्रदान करता है। यह जहाज, एक सर्वेक्षण पोत और मानवीय सहायता तथा आपदा राहत HDR कार्यों के साथ-साथ आवश्यकता पड़ने पर अस्पताल जहाज के रूप में भी कार्य करता है।  आईएनएस इक्षक अनदेखे समुद्री क्षेत्र का मानचित्रण करने, समुद्री सुरक्षा बढ़ाने और महत्वपूर्ण समुद्री मार्गों पर राष्ट्रीय सुरक्षा को मजबूत करने के लिए तैयार है।

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